7 धमाकों के बाद दहला बांग्लादेश, 200 जगहों पर देसी बमों से बढ़ी चिंता

ढाका
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में एक के बाद एक हुए कई धमाकों और आगजनी की घटनाओं ने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया है. शहर के अलग-अलग 7 प्रमुख इलाकों में देसी बम यानी कॉकटेल बम के धमाके हुए एक बस फूंक दी गई है. इन अचानक हुई वारदातों के बाद ढाका में हड़कंप मच गया है और प्रशासन ने पूरे शहर में हाई अलर्ट जारी कर दिया है. हालात पर काबू पाने और उपद्रवियों को पकड़ने के लिए ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस ने शहरभर में 200 से भी ज्यादा नाके लगा दिए हैं. पुलिस की गाड़ियां हर सड़क पर गश्त कर रही हैं और आने-जाने वाली गाड़ियों की कड़ी तलाशी ली जा रही है. सुरक्षा के इस कड़े घेरे के बीच पुलिस उन चेहरों की तलाश में जुटी है जिन्होंने इस पूरी वारदात को अंजाम दिया है।
7 अलग-अलग इलाकों में धमाके और दहशत का माहौल
ढाका शहर में यह दहशत किसी एक जगह तक सीमित नहीं रही, बल्कि एक साथ कई इलाकों को निशाना बनाया गया. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, शहर के कम से कम 7 बड़े और व्यस्त इलाकों में धमाके सुने गए. इनमें मालीबाग, मोहाखाली, अगरगांव, जात्राबारी, मोगबाजार, बाबूबाजार और रामपुरा जैसे इलाके शामिल हैं. इसके अलावा ढाका कॉलेज और साइंस लैबोरेटरी के पास भी एक धमाके की खबर सामने आई है. इन धमाकों में कम से कम तीन लोग घायल हुए हैं, जिन्हें तुरंत इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया. धमाकों की गूंज अभी शांत भी नहीं हुई थी कि काफरुल पुलिस स्टेशन के पास खड़ी एक बस में उपद्रवियों ने आग लगा दी. धुएं के गुबार और जलती बस की तस्वीरों ने लोगों के मन में डर का माहौल पैदा कर दिया।
पूरा शहर बना छावनी, 200 से ज्यादा जगहों पर नाकेबंदी
धमाकों और आगजनी की इस श्रृंखला के बाद ढाका पुलिस तुरंत हरकत में आ गई. शहर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पूरे ढाका में पुलिस की मौजूदगी अचानक बढ़ा दी गई है. ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (DMP) के मीडिया एंड पब्लिक रिलेशंस विंग के अतिरिक्त उप आयुक्त नियाज मेहदी ने बताया कि इन घटनाओं के बाद जनता की सुरक्षा को देखते हुए शहरभर में 200 से अधिक चेकिंग पॉइंट बनाए गए हैं. पुलिस हर छोटी-बड़ी गाड़ी को रोककर उसकी जांच कर रही है. क्या आप जानते हैं कि इतनी बड़ी संख्या में नाके लगाने का मकसद सिर्फ संदिग्धों को पकड़ना ही नहीं, बल्कि आम लोगों के बीच सुरक्षा का अहसास कायम करना भी है? पुलिस की टीमें चौबीसों घंटे गश्त कर रही हैं और पूरे शहर पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
24 घंटे में 515 लोग गिरफ्तार, क्या धमाकों से जुड़ा है कनेक्शन?
घटना के बाद पुलिस ने सिर्फ नाकेबंदी ही नहीं की, बल्कि पूरे शहर में एक बड़ा सर्च ऑपरेशन भी शुरू कर दिया. पिछले 24 घंटों के दौरान (सुबह 10 बजे तक) ढाका पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 515 लोगों को गिरफ्तार किया है और 47 अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं. हालांकि पुलिस का स्पष्ट कहना है कि यह आंकड़े पूरे शहर में चलाए गए एक व्यापक पुलिस अभियान के हैं और गिरफ्तार किए गए सभी लोग सीधे तौर पर इन बम धमाकों या आगजनी से जुड़े हों, ऐसा जरूरी नहीं है. लेकिन इस कार्रवाई से यह साफ है कि पुलिस किसी भी कीमत पर शहर का माहौल खराब नहीं होने देना चाहती।
किस इलाके से पकड़े गए कितने आरोपी? देखें पूरा ब्योरा
पुलिस की इस विशाल कार्रवाई का ब्योरा देखें तो पता चलता है कि ढाका का कोई भी हिस्सा जांच से अछूता नहीं रहा. अलग-अलग डिवीजनों में हुई गिरफ्तारियों के आंकड़े पुलिस की सख्ती को बयां करते हैं:
मीरपुर डिवीजन: यहां सबसे ज्यादा कार्रवाई हुई और 120 लोगों को हिरासत में लिया गया.
तेजगांव डिवीजन: दूसरे नंबर पर तेजगांव रहा, जहां से 92 लोगों की गिरफ्तारी हुई.
मोतीझील डिवीजन: इस इलाके से पुलिस ने 76 लोगों को पकड़ा.
वारी डिवीजन: यहां पुलिस ने 64 लोगों को गिरफ्तार किया.
उत्तरा डिवीजन: इस क्षेत्र से 46 संदिग्ध पुलिस की गिरफ्त में आए.
गुल्शन डिवीजन: यहां से 37 लोगों को हिरासत में लिया गया.
लालबाग डिवीजन: इस इलाके से 34 लोगों को पकड़ा गया.
रमना डिवीजन: यहां 30 लोगों की गिरफ्तारी दर्ज की गई.
डिटेक्टिव ब्रांच (DB): इसके अलावा पुलिस की डिटेक्टिव ब्रांच ने भी अलग से कार्रवाई करते हुए 16 लोगों को गिरफ्तार किया.
हथियारों का जखीरा बरामद, 53 लोहे की कीलों से खुला राज
इस तलाशी अभियान के दौरान पुलिस को सिर्फ संदिग्ध ही नहीं मिले, बल्कि भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद भी बरामद हुआ है. पुलिस ने छापेमारी के दौरान 2 विदेशी पिस्टल, 2 मैगजीन और 10 राउंड जिंदा कारतूस जब्त किए हैं. इसके अलावा 3 बड़े कुल्हाड़े (मछेटे) और 5 चाकू भी बरामद किए गए हैं. लेकिन सबसे चौंकाने वाला खुलासा फटे हुए कॉकटेल बमों के मलबे से हुआ. पुलिस को धमाके की जगहों से 53 लोहे की कीलें मिली हैं. इन कीलों से यह साफ पता चलता है कि इन बमों को बहुत ही देसी और खतरनाक तरीके से तैयार किया गया था ताकि वे फटने पर ज्यादा से ज्यादा नुकसान पहुंचा सकें. हालांकि, पुलिस ने अभी तक इसके फोरेंसिक ब्योरे को पूरी तरह सार्वजनिक नहीं किया है और न ही यह पुष्टि की है कि ये कीलें सभी 7 धमाकों से जुड़ी हैं या नहीं।
नशीले पदार्थों और नकदी की बड़ी बरामदगी
सर्च ऑपरेशन के दौरान पुलिस के हाथ सिर्फ हथियार ही नहीं लगे, बल्कि भारी मात्रा में ड्रग्स और अन्य सामान भी जब्त किया गया है. इस दौरान पुलिस ने 94.35 किलोग्राम गांजा, 11,167 याबा गोलियां और 121.3 ग्राम हेरोइन जब्त की. इसके साथ ही विदेशी शराब की 3 बोतलें, बियर के 20 कैन, एक प्राइवेट कार, 5 मोबाइल फोन और 7,200 टका नकद बरामद किए गए हैं. पुलिस की यह व्यापक कार्रवाई यह दर्शाती है कि शहर में आपराधिक तत्वों के खिलाफ एक बड़ा अभियान छिड़ चुका है।
आरोपियों की पहचान पूरी, पुलिस कस रही है शिकंजा
हालांकि ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस ने अभी तक उन संदिग्धों के नामों का खुलासा सार्वजनिक रूप से नहीं किया है जिन पर इन बम धमाकों और बस में आग लगाने का आरोप है. लेकिन अधिकारी नियाज मेहदी ने यह जरूर स्पष्ट किया है कि पुलिस ने घटना में शामिल मुख्य आरोपियों की पहचान कर ली है और उनके खिलाफ मामला दर्ज करने की प्रक्रिया तेजी से चल रही है. जांच एजेंसियां इस बात का पता लगाने में जुटी हैं कि क्या इन सभी 7 जगहों पर हुए धमाके किसी एक ही बड़ी साजिश का हिस्सा थे या फिर इन्हें अलग-अलग समूहों ने अंजाम दिया था।
ढाका में हाई अलर्ट पर सुरक्षा बल, आगे क्या होगा?
लगातार हुए बम धमाकों, बस में आगजनी और 200 से अधिक चेकिंग पॉइंट बनने के बाद ढाका में इस समय तनाव और कडी सुरक्षा का माहौल है. आम जनता में थोड़ी घबराहट जरूर है, लेकिन पुलिस बल की लगातार मौजूदगी से हालात नियंत्रण में हैं. जांचकर्ता अब इस बात की तह तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं कि इस तोड़फोड़ और दहशत के पीछे किसका हाथ था और क्या इन अलग-अलग हमलों के तार आपस में जुड़े हुए हैं. फिलहाल, पूरा ढाका शहर पुलिस के कड़े घेरे में है और आने वाले दिनों में इस मामले में कई बड़े खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है।



